श्री हीरालाल सामरिया जी से हुई प्रेरणादायक बैठक – समाज के उज्ज्वल भविष्य की ओर एक कदम
हमारी ग्लोबल खटीक समाज ऑफिसर्स एवं प्रोफेशनल ग्रुप की टीम को कुछ दिन पूर्व आदरणीय श्री हीरालाल सामरिया जी (मुख्य सूचना आयुक्त, भारत सरकार) से दिल्ली में उनके कार्यालय में भेंट करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। यह बैठक समाज की एकजुटता, शिक्षा, संगठनात्मक मजबूती और सकारात्मक बदलाव को लेकर अत्यंत प्रेरणादायक रही।
1️⃣ समूह में अनुशासन और सकारात्मक संवाद हेतु एडमिन सेटिंग्स का महत्व
आदरणीय सर ने ग्रुप एडमिन सेटिंग्स को समूह को संगठित और अनुशासित बनाए रखने के लिए एक बेहतरीन प्रयास बताया।
उन्होंने कहा कि सभी सदस्यों को असीमित संदेश भेजने की अनुमति देने से कभी-कभी अव्यवस्था उत्पन्न हो सकती है, जिससे समूह के मूल उद्देश्य प्रभावित होते हैं।
केवल एडमिन्स को पोस्टिंग की अनुमति देने से सार्थक चर्चाएं, सूचना का उचित संचार और सकारात्मक वातावरण सुनिश्चित होता है।
उन्होंने इसे एक सुदृढ़ और प्रभावी सामाजिक मंच बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम बताया।
2️⃣ “Connect Meet” कार्यक्रम – समाज के संगठन और विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण पहल
समाज की संगठित शक्ति और आपसी सहयोग को महसूस करते हुए, उन्होंने मुंबई, जोधपुर और जयपुर में आयोजित “Connect Meet” कार्यक्रमों की सराहना की, जहाँ हजारों खटीक समाज के सदस्य जुड़े।
इन सफल बैठकों के आधार पर, उन्होंने भविष्य में दिल्ली, अहमदाबाद और विदेशों में भी इस तरह के समाजिक मिलन कार्यक्रमों को आयोजित करने की सलाह दी।
उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से समाज के अधिकारियों, प्रोफेशनल्स, व्यापारियों और युवाओं को एक मंच पर आने का अवसर मिलेगा, जिससे आपसी सहयोग, मार्गदर्शन और संगठनात्मक मजबूती को बल मिलेगा।
3️⃣ शिक्षा, सामाजिक समस्याओं और विवाह से जुड़े मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करना
आदरणीय सर ने समाज में शिक्षा को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया और कहा कि युवाओं को सही मार्गदर्शन और संसाधन उपलब्ध कराना समाज की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए।
उन्होंने स्किल डेवलपमेंट को बढ़ावा देने की जरूरत बताई, ताकि समाज के युवा आत्मनिर्भर बन सकें और मुख्यधारा में मजबूती से आगे बढ़ सकें।
विवाह संबंधित समस्याओं के समाधान के लिए globalkhatik.com को एक प्रभावी मंच बनाने की बात कही, जिससे समाज में सफल और संगठित विवाह प्रणाली को बढ़ावा दिया जा सके।
4️⃣ सकारात्मक बदलाव की ओर बढ़ना – बिना भेदभाव और नकारात्मकता के
आदरणीय सर ने कहा कि हर खटीक व्यक्ति इस परिवर्तन का हिस्सा नहीं बनेगा, कुछ लोग इसे नजरअंदाज कर सकते हैं या अलग सोच रख सकते हैं।
लेकिन समाज को संगठित और मजबूत बनाने के लिए हमें सिर्फ संख्या बढ़ाने के बजाय, उन लोगों को जोड़ना चाहिए जो समाज के विकास और बदलाव के लिए तत्पर हैं।
उन्होंने एक बहुत ही सकारात्मक संदेश देते हुए कहा:
“आप सरकार तो नहीं हैं, लेकिन आपके कर्तव्य सरकार की तरह हैं। जैसे सरकार में सभी लोग शामिल नहीं होते, लेकिन सरकार सभी के लिए काम करती है—बिना किसी भेदभाव के, निष्पक्ष रूप से। ठीक उसी तरह, आपका उद्देश्य समाज के हर व्यक्ति की भलाई के लिए काम करना है, चाहे वे किसी भी विचारधारा के हों।”
उन्होंने यह भी कहा कि इस पहल को निष्पक्ष, गैर-राजनीतिक, पक्षपात रहित और पूरी तरह से समाज के उत्थान के उद्देश्य से संचालित किया जाना चाहिए, ताकि हर खटीक, चाहे वह महिला हो या पुरुष, समान रूप से इसका लाभ उठा सके।
🔹 निष्कर्ष – समाज के उज्ज्वल भविष्य की ओर कदम
आदरणीय श्री हीरालाल सामरिया जी ने इस पूरी पहल को खटीक समाज के लिए एक ऐतिहासिक सामाजिक आंदोलन बताया और इसे संगठित, निष्पक्ष और उद्देश्यपूर्ण बनाए रखने की प्रेरणा दी।
उन्होंने कहा कि यह समाज के उत्थान का सुनहरा अवसर है, और हम सभी को सकारात्मक ऊर्जा और एकजुटता के साथ इस दिशा में निरंतर कार्य करते रहना चाहिए।
सादर,
वर्किंग कमेटी
ग्लोबल खटीक समाज ऑफिसर्स एवं प्रोफेशनल ग्रुप
